डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती पर गिरहुलडीह में भव्य आयोजन
सर्व आदिवासी समाज सीतापुर के बैनर तले माल्यार्पण, संविधान प्रस्तावना का सामूहिक पाठ और सामाजिक जागरूकता का संदेश

ग्राम पंचायत गिरहुलडीह चौराहे में आज बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर सर्व आदिवासी समाज सीतापुर के बैनर तले गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक पदाधिकारियों एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणों की उत्साहपूर्ण भागीदारी रही।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला पंचायत सदस्य (DDC) श्री शिवभरोश बेक रहे। विशिष्ट अतिथियों में सर्व आदिवासी समाज के संरक्षक श्री बिगन राम, अध्यक्ष एवं जनपद सदस्य श्री सुशील सिंह मरावी, उपाध्यक्ष श्री बीरेंद्र टोप्पो, श्री सुलेमान कुजूर एवं सक्रिय सदस्य श्री चुनठू खलखो शामिल रहे। इसके अलावा BSNL के वरिष्ठ इंजीनियर श्री शिवमंगल किंडो, सामाजिक कार्यकर्ता श्री मानसिंह ध्रुव एवं श्री बाबूराम एक्का की विशेष उपस्थिति रही। सभी अतिथियों का पारंपरिक स्वागत किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहेब की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि से हुई। इसके बाद उपस्थित लोगों ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक पाठ किया, जिसने पूरे वातावरण को प्रेरणादायक बना दिया।
मुख्य अतिथि श्री शिवभरोश बेक ने अपने संबोधन में कहा कि “विचार बंदूक से भी अधिक शक्तिशाली होते हैं, इसलिए उन्हें सकारात्मक और समाजहित में विकसित करना आवश्यक है।” उन्होंने शिक्षा को समाज परिवर्तन का सबसे बड़ा हथियार बताते हुए युवाओं को जागरूक और एकजुट रहने का संदेश दिया।

विशिष्ट अतिथि श्री शिवमंगल किंडो ने आदिवासी समाज की पहचान और इतिहास पर प्रकाश डालते हुए एक भावपूर्ण कविता के माध्यम से बताया कि समय के साथ आदिवासियों को विभिन्न नामों से पुकारा गया, लेकिन उनकी असली पहचान और संस्कृति सदैव अडिग रही है।
अन्य वक्ताओं ने भी सामाजिक एकता, शिक्षा और संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूकता पर जोर दिया। वहीं श्री चुनठू खलखो ने आगामी जनगणना में 7वें कॉलम में आदिवासी धर्म अंकित करने की अपील की।

कार्यक्रम का संचालन श्री मानसिंह ध्रुव ने प्रभावी ढंग से किया। आयोजन को सफल बनाने में श्री सुनील कुमार सिदार, निगरानी मरावी, श्री उदय नाथ होंगडे, उप सरपंच श्री संजय गुप्ता, श्री अशोक गुप्ता एवं श्री चंद्रिका प्रसाद यादव सहित अनेक लोगों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
अंत में आयोजकों ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित जनसमूह का आभार व्यक्त किया। यह आयोजन बाबा साहेब के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में एक प्रेरणादायक पहल साबित हुआ।



